हिंदी के शेर दो लाइन में – उजड़ी हुई अपनी इस

उजड़ी हुई अपनी इस दुनिया को फिर से सजा लीजिये

वक़्त बीतने के बाद कोई हमसफ़र न मिला तो क्या कीजिये!!!